शाहदरा क्षेत्र में रहने वाली एक महिला घरेलू झगड़ों, नौकरी की मुश्किलों और बीमार बच्ची की वजह से बेहद तनाव में थी। ठगों ने इस स्थिति का फायदा उठाकर दावा किया कि उनके घर पर काले जादू का असर है, और महाकाल की आराधना समेत विभिन्न पूजा-अनुष्ठानों के बहाने उनसे लगभग 23 लाख रुपये ठग लिए। 50 वर्षीय यह महिला अपने पति और बच्चों के साथ रहती है, जिसमें से एक बच्ची विशेष जरूरत वाली है। इस बच्ची के लिए उन्होंने एक शिक्षिका रखी हुई थी, जो उनकी सभी समस्याओं से वाकिफ थी। इसलिए उस शिक्षिका ने अपने एक रिश्तेदार टैरो कार्ड विशेषज्ञ के माध्यम से समस्याओं का हल निकालने का विश्वास दिलाया। महिला उससे मिली, तो उसने 5100 रुपये की फीस वसूल की और कहा कि एक महीने में कोई व्यक्ति आपके जीवन में आएगा, जिसके बाद सारी दिक्कतें दूर हो जाएंगी। सोशल मीडिया पर महिला की एक व्यक्ति नाम भारत से दोस्ती हुई और दोनों रोजाना बातें करने लगे।
इसके बाद बच्ची की सेहत सुधारने के लिए पूजा करवाने की सलाह दी गई। इसके लिए 21 हजार रुपये की मांग की गई। फिर बार-बार विभिन्न वजहों से पैसे लिए जाते रहे। भारत ने बताया कि उसकी सगाई होने वाली है। जब यह बात टैरो विशेषज्ञ को बताई गई, तो उसने कहा कि इसे टालने के लिए भी पूजा जरूरी है और इसके लिए और पैसे मांगे। लेकिन भारत की सगाई नहीं रुकी, तो टैरो विशेषज्ञ महिला को अपने गुरु के पास ले गई। इसके लिए भारी रकम वसूली गई। कुछ समय बाद सहायता के नाम पर 6 लाख रुपये की डिमांड की गई। महिला ने अपने गहने गिरवी रखकर यह राशि दी। अब हर रोज किसी न किसी पूजा के बहाने पैसे मांगे जाने लगे। अब कहा जाने लगा कि महिला के संपर्क से भारत के जीवन में परेशानियां आ रही हैं, इसलिए पूजा करानी होगी। इसके नाम पर गुरुजी ने पैसे और महंगी शराब की बोतलें लेनी शुरू कर दीं।
अब दावा किया जाने लगा कि भारत की पत्नी ने काला जादू करवाया है, जिसे दूर करने की जरूरत है। महिला ने रिश्तेदारों से और बाहर से ऊंचे ब्याज पर उधार लेकर पैसे दिए। महिला मानसिक रूप से परेशान हो गई। उसे कई सोसायटियों से कर्ज लेने के लिए मजबूर किया गया। नौकरी बचाने के नाम पर भी पैसे मांगे जाने लगे। महिला ने अपनी संपत्ति पर लोन लेकर रकम चुकाई। आरोपी अब भारत की पत्नी के घर पुलिस लेकर जाने की धमकी देकर ब्लैकमेल करने लगे। महिला विभिन्न स्रोतों से ब्याज पर पैसा लाकर देती रही। वह इतने दबाव में आ गई कि दो बार आत्महत्या की कोशिश की। पुलिस ने शुरू में मामला दर्ज नहीं किया। अब अदालत के आदेश पर 23 तारीख को एफआईआर दर्ज हुई।
महिला का आरोप है कि ठगों ने चार वर्षों तक जबरदस्ती वसूली की। इस दौरान पूजा के बहाने 70 बार नकद और महंगी शराब की बोतलें ली गईं। कड़कड़डूमा अदालत ने 22 अगस्त को शाहदरा थाने को मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया। पुलिस ने दो आरोपियों को नामित किया है। इसमें आत्महत्या के लिए उकसाने, जबरन वसूली, आपराधिक षड्यंत्र, विश्वासघात, महंगी वस्तु वसूलने के लिए चोट पहुंचाने, ठगी और आपराधिक धमकी की धाराएं जोड़ी गई हैं।