दिल्ली के मानसरोवर पार्क क्षेत्र में एक घर में हुई चोरी की घटना को सुलझाने में पुलिस को आंशिक सफलता मिली है। पुलिस ने दावा किया है कि इस चोरी को साड़ी और सूट बेचने वाले दो व्यक्तियों ने अंजाम दिया था। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी, मोहम्मद सलमान, को हिरासत में ले लिया है, लेकिन चोरी गए आभूषण अभी तक बरामद नहीं हो सके हैं। दूसरा आरोपी अभी भी फरार है।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि 19 अगस्त को मानसरोवर पार्क थाने में एक घर में चोरी की शिकायत दर्ज की गई थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान, घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की गहन जांच की गई। फुटेज से पता चला कि दो संदिग्ध स्कूटी पर घटनास्थल पर पहुंचे थे।
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों ने साड़ी और सूट बेचने का बहाना बनाकर पीड़ित के घर के बाहर अपनी स्कूटी खड़ी की थी। इसके बाद, एक बदमाश ने घर का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया और वहां से सोने-चांदी के कीमती आभूषण चुरा लिए। चोरी के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए। सीसीटीवी फुटेज की मदद से पुलिस को आरोपियों की स्कूटी का नंबर प्राप्त हुआ।
जांच में सामने आया कि स्कूटी उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, पसौंडा निवासी रवीश के नाम पर पंजीकृत थी। पुलिस ने मुखबिरों के जरिए जानकारी जुटाई, जिससे पता चला कि इस वारदात में रवीश का बड़ा भाई सुहैल भी शामिल था। सुहैल एक हिस्ट्रीशीटर है और वह सुंदरनगरी और पसौंडा में अलग-अलग स्थानों पर रहता है। पुलिस ने सुंदरनगरी में छापेमारी कर मोहम्मद सलमान को गिरफ्तार कर लिया, लेकिन सुहैल अभी तक पुलिस की पकड़ से बाहर है। साथ ही, चोरी गए आभूषणों का भी कोई सुराग नहीं मिल सका है।