शुभ-लाभ” भारतीय अर्थचिंतन का मूल दर्शन है, जीवन-दर्शन का शाश्वत आधार है : मंत्री परमार
भोपाल उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इन्दर सिंह परमार ने कहा कि चार्टर्ड अकाउंटेंट्स केवल वित्तीय विशेषज्ञ नहीं, बल्कि देश की आर्थिक प्रगति, पारदर्शिता एवं सुशासन के सशक्त स्तंभ हैं। भारतीय परम्परा में अर्थव्यवस्था का चिंतन केवल लाभ और उपभोग तक सीमित नहीं रहा, बल्कि वह नैतिकता, लोककल्याण एवं मानवीय मूल्यों पर आधारित … Read more